मन में गौरव है अतीत का अमृतकाल मनाएं
मन में गौरव है अतीत का
अमृतकाल मनाएं
शौर्य, पराक्रम जनजाति का
स्मरण सभी को कराएं
अमृतकाल मनाएं ।। धृ. ।।
स्वर्णिम पन्नों में लिख रखना
वीरों की वो कहानी
वर्तमान का सेतु है जो
पुरखों की है वाणी
भविष्य गाए गान उन्हीं के
उनकी कथा सुनाएं…. || 1 ||
… अमृतकाल मनाएं (2)
अंग्रेजों की बात न मानी
भीषण जंग हुई थी
तीर-कमान चले थे उन पर
ज्वाला भभक रही थी
अनाम वीरों के पौरूष को
प्रणाम करते जाएं… || 2 ||
… अमृतकाल मनाएं (2)
गांव-गांव के जनहृदयो में
भारत जाग उठा था
देश, धर्म, संस्कृति रक्षा हित
साधक यज्ञ चला था
मुक्त कण्ठ से अभिनंदन हो
गौरव से हम गाएं ।।3।।
… अमृतकाल मनाएं (2)
